त्रिपुरा: BSF के एक्शन से बौखलाए तस्कर, जवानों पर बेरहमी से हमला; इलाके में तनाव

त्रिपुरा के सिपाहीजाला जिले के आशाबाड़ी में सोमवार को सीमा सुरक्षा बल (BSF) के जवानों पर हमले की घटना सामने आई है. हमलावर तस्कर बताए जा रहे हैं, जिसने तीन जवानों को जमीन पर गिराकर बेरहमी से पीटा. इस दौरान उनके हथियार छीनने की भी कोशिश की गई. हमले में तीनों जवानों को गंभीर चोटें आईं. आरोपियों ने जवानों की सरकारी गाड़ी में भी जमकर तोड़फोड़ की.
जानकारी के मुताबिक, 2 नवंबर की सुबह करीब 9 बजे भारत-बांग्लादेश सीमा पर गेट नंबर 174 और 175 के पास BSF की 49वीं बटालियन के जवान तस्करी रोकने के लिए कार्रवाई कर रहे थे. इस दौरान जवानों ने एक संदिग्ध तस्कर हफजुर रहमान को पीछा कर पकड़ लिया. इसी के बाद जवानों पर अचानक यह हमला किया गया. त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने घटना की कड़ी निंदा की है.
हमले के सिलसिले में 8 आरोपी गिरफ्तार- CM
मुख्यमंत्री माणिक साहा ने ‘एक्स’ पर लिखा, ‘मैं आशाबाड़ी में हमारे बहादुर BSF जवानों पर कुछ बदमाशों के ग्रुप के बेरहमी से हमले की कड़ी निंदा करता हूं. हमारे सुरक्षा बलों के खिलाफ इस तरह की हिंसा पूरी तरह से मंजूर नहीं है और इसकी कड़ी निंदा की जानी चाहिए. हमारे जवानों पर कोई भी हमला बहुत चिंता की बात है और इससे कानून के मुताबिक सख्ती से निपटा जाना चाहिए.’
उन्होंने एक दूसरे पोस्ट में बताया कि आशाबाड़ी, बॉक्सानगर में BSF जवानों पर हमले के सिलसिले में आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. इसमें शामिल सभी लोगों को सजा दी जाएगी, और कानून के मुताबिक उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. हमारे सुरक्षा कर्मियों के खिलाफ हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी. संबंधित अधिकारियों को कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं.
CCTV कैमरे में भी हमले की तस्वीरें हुईं कैद
BSF जवानों पर हमले की घटना के बाद अशाबारी बॉर्डर आउटपोस्ट से अतिरिक्त BSF जवान मौके पर पहुंचे, जिसके बाद हमलावर भाग निकले. घटनास्थल के पास लगे CCTV कैमरे में हमले की तस्वीरें कैद हुई हैं. पुलिस और BSF ने फुटेज अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है. घटना की सूचना मिलने के बाद वरिष्ठ पुलिस और BSF अधिकारियों ने भी मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया.
इस मामले में त्रिपुरा पुलिस अब तक 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है. बाकी आरोपियों की पहचान कर उनकी तलाश की जा रही है. वहीं, घटना को लेकर अशाबारी इलाके में तनाव का माहौल है. इस हमले ने भारत-बांग्लादेश सीमा पर सुरक्षा और तस्करी रोकने के दौरान जवानों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
